मालवांचल मित्र, नई दिल्ली: मिडिल ईस्ट क्षेत्र में बढ़ते तनाव का असर अब भारत के ऊर्जा बाजार पर भी दिखाई देने लगा है। तेल और गैस की वैश्विक कीमतों में उछाल के बीच देश में घरेलू एलपीजी गैस सिलेंडर की कीमत में 60 रुपये की बढ़ोतरी कर दी गई है। नई दरें तुरंत प्रभाव से लागू हो गई हैं।
सरकारी तेल विपणन कंपनियों के अनुसार अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल और गैस की कीमतों में बढ़ोतरी के कारण यह फैसला लिया गया है। मिडिल ईस्ट में जारी भू-राजनीतिक तनाव के चलते ऊर्जा आपूर्ति को लेकर अनिश्चितता बनी हुई है, जिसका सीधा असर कीमतों पर पड़ रहा है।
नई कीमतों के बाद देश के कई शहरों में घरेलू गैस सिलेंडर की कीमत 60 रुपये तक बढ़ गई है। इससे आम उपभोक्ताओं के घरेलू बजट पर अतिरिक्त बोझ पड़ेगा। पहले ही महंगाई से जूझ रहे लोगों के लिए यह बढ़ोतरी चिंता का विषय बन गई है।
विशेषज्ञों का कहना है कि यदि मिडिल ईस्ट में तनाव की स्थिति बनी रहती है तो आने वाले समय में पेट्रोल, डीजल और एलपीजी की कीमतों में और भी उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है।
सरकार और तेल कंपनियां अंतरराष्ट्रीय हालात पर लगातार नजर बनाए हुए हैं। वहीं उपभोक्ताओं को नई कीमतों के अनुसार ही गैस सिलेंडर उपलब्ध कराए जाएंगे।
आर्थिक जानकारों का मानना है कि वैश्विक ऊर्जा बाजार की स्थिति स्थिर होने पर कीमतों में राहत मिल सकती है, लेकिन फिलहाल अंतरराष्ट्रीय परिस्थितियों का असर भारतीय बाजार पर साफ दिखाई दे रहा है।