मालवांचल मित्र, मुंबई: देशभर में होली का त्योहार धूमधाम से मनाया जा रहा है, लेकिन घरेलू शेयर बाजार में घबराहट का माहौल बना हुआ है। वैश्विक बाजारों में कमजोरी और मिडिल ईस्ट में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव के चलते निवेशकों ने जमकर बिकवाली की।
सेंसेक्स 1700 अंक टूटा
BSE Sensex 1700 अंकों से ज्यादा टूटकर 78,600 के नीचे पहुंच गया। यह गिरावट हाल के महीनों की बड़ी गिरावटों में से एक मानी जा रही है।
निफ्टी भी फिसला
Nifty 50 करीब 500 अंक गिरकर 24,350 के आसपास कारोबार करता दिखा। बाजार खुलते ही भारी दबाव नजर आया और पूरे सत्र में बिकवाली हावी रही।
बैंक निफ्टी में 1000 अंकों की गिरावट
Bank Nifty में भी लगभग 1000 अंकों की तेज गिरावट दर्ज की गई, जिससे बैंकिंग शेयरों में भारी दबाव देखने को मिला।
बीएसई टॉप 30 में 25 शेयर लाल निशान में
Bombay Stock Exchange (बीएसई) के टॉप 30 शेयरों में से 25 शेयर गिरावट के साथ कारोबार कर रहे हैं। आईटी, बैंकिंग, ऑटो और मेटल सेक्टर में सबसे ज्यादा दबाव देखा गया।
9 लाख करोड़ रुपये स्वाहा
बाजार की कुल वैल्यू 456.9 लाख करोड़ रुपये से घटकर 447.9 लाख करोड़ रुपये रह गई। यानी निवेशकों के करीब 9 लाख करोड़ रुपये एक ही दिन में साफ हो गए। इस भारी गिरावट ने रिटेल और संस्थागत दोनों तरह के निवेशकों को झटका दिया है।
क्यों आई इतनी बड़ी गिरावट?
- मिडिल ईस्ट में ईरान युद्ध की आशंका
- कच्चे तेल की कीमतों में उछाल
- वैश्विक बाजारों में कमजोरी
- निवेशकों की घबराहट में बिकवाली
विशेषज्ञों का मानना है कि जब तक भू-राजनीतिक हालात सामान्य नहीं होते, बाजार में उतार-चढ़ाव जारी रह सकता है।
निवेशकों के लिए क्या करें?
बाजार विशेषज्ञों की सलाह है कि घबराहट में फैसले लेने से बचें। लंबी अवधि के निवेशकों को मजबूत फंडामेंटल वाले शेयरों में बने रहने की रणनीति अपनानी चाहिए।
डिस्क्लेमर: शेयर बाजार में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार से परामर्श अवश्य लें।